होई की असली कहानी | अहोई अष्टमी की सच्ची कहानी | स्याऊ माता की सच्ची कहानी | बिन्दायकजी की कहानी
एक साहूकार का सात बेटा, सात बहुवां और एक बेटी थी। एक दिन सातू बहूवां और बेटी खन्द माटी ल्या न गई। माटी खोद न क समय नणद क हाथ स स्याऊ का बच्चा मरगा। स्याऊ माता बोली की अब म तेरी कूख बांदूगी। नणद आपकी सारी भाभियां न कयो कि मे र बद ल कूख बंधवाल्यो।…